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9789369549962: सुकूननामा

Synopsis

यह 21 नज़्में प्रेम, अलगाव और उम्मीद की यात्रा को दिखाती हैं। पहले चरणों में प्रेम की ताजगी और चाहत होती है, फिर साथी के साथ जीवन बिताने की ख्वाहिश जागती है। बाद में, जब जुदाई और दर्द आते हैं, तो बेबसी और खालीपन महसूस होते हैं। लेकिन अंत में, आप इस वास्तविकता को स्वीकार करते हैं कि हर अनुभव ने आपको और मजबूत बनाया है, और धीरे-धीरे सुकून की ओर बढ़ते हैं। हर दर्द और कठिनाई के बाद, अंत में शांति और संतुलन की भावना उत्पन्न होती है।

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À propos de l'auteur

शिवांश शर्मा एक समर्पित विधि छात्र हैं, जो लेखन के प्रति गहरी रुचि रखते हैं। अपनी शैक्षणिक यात्रा के अलावा, वे हिंदी में नज़्मों और ग़ज़लों को लिखने का शौक रखते हैं। कविता के माध्यम से वे उन भावनाओं और विचारों को व्यक्त करते हैं जो बहुतों के दिलों में गूंजती हैं, और सरल शब्दों में जटिल भावनाओं को खूबसूरती से पिरोते हैं।

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